
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, ओडिशा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, कोंकण, गोवा, तटीय आंध्र प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, कर्नाटक, तमिलनाडु, पुड्डुचेरी, कराईकल, केरल तथा माहे में विभिन्न जगहों पर गरज के साथ छींटे पड़ने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान दक्षिण-पूर्व, दक्षिण-पश्चिम तथा पूर्वी-मध्य अरब सागर, लक्षदीप तथा दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के साथ-साथ अंडमान सागर के आस-पास वाले क्षेत्रों, केरल तथा दक्षिण मराहाष्ट्र तट में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। इस वजह से मछुआरों को इस दौरान इन क्षेत्रों में नहीं जाने की सलाह दी गयी है। दक्षिण-पश्चिम मानसून तमिलनाडु, आंतरिक कर्नाटक तथा केरल में जोरदार तरीके से सक्रिय है जबकि तटीय कर्नाटक में सक्रिय है।
अरुणाचल प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गुजरात, मराठवाड़ा तथा विदर्भ में यह कमजोर पड़ गया है। उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी राजस्थान, मध्य प्रदेश, तेलंगाना, गांगेय पश्चिम बंगाल, असम, मेघालय, मध्य महाराष्ट्र, कर्नाटक, तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, केरल, माहे, तमिलनाडु, पुड्डुचेरी तथा कराईकल में विभिन्न जगहों पर गरज के साथ छींटे पड़े। तटीय तथा दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक, केरल, अंडमान-निकोबार द्वीप समूह, लक्षदीप, पूर्वी उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, रायलसीमा, तमिलनाडु तथा उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में ज्यादातर जगहों पर बारिश हुई या गरज के साथ छींटे पड़े।
मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, ओडिशा, गोवा, मध्य महाराष्ट्र, तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, बिहार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश पूर्वी तथा पश्चिम मध्य प्रदेश, कोंकण, गोवा, मध्य महाराष्ट्र, तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, बिहार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, विदर्भ, गुजरात तथा मराठवाड़ा में कुछ जगहों पर बारिश हुई या गरज के साछ छींटे पड़े। हरिणाया में आम तौर पर मौसम शुष्क रहा।
